Gandivdhari Arjun In Hindi -
🏹 यह धनुष अग्नि देव ने अर्जुन को दिया था। यह अटूट, अद्वितीय और अजेय था। जिसने भी इसे धारण किया, उसे युद्ध में हार का सामना नहीं करना पड़ा।
गांडीवधारी अर्जुन (Gandivdhari Arjun) gandivdhari arjun in hindi
अर्जुन ने मत्स्य-वेध (मछली की आँख में निशाना) लगाकर द्रौपदी से विवाह किया, जो उनकी एकाग्रता का प्रतीक है। gandivdhari arjun in hindi
कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी वे हार नहीं मानते थे। gandivdhari arjun in hindi
यह एक अभेद्य धनुष था जिसे कोई नष्ट नहीं कर सकता था। इसकी टंकार इतनी शक्तिशाली थी कि शत्रुओं के हृदय काँप जाते थे।
अग्नि देव की सहायता करते समय अर्जुन ने अपनी वीरता से इंद्र सहित कई देवताओं का सामना किया, जिसके बदले उन्हें गांडीव प्राप्त हुआ।